
नई दिल्ली : दिल्ली के पूर्व मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल के पुराने सरकारी आवास को लेकर राजनीतिक विवाद एक बार फिर तेज हो गया है। 6, फ्लैग स्टाफ रोड स्थित इस आवास को भाजपा लंबे समय से कथित ‘शीशमहल’ बताकर आम आदमी पार्टी को घेरती रही है। अब दिल्ली विधानसभा की समिति द्वारा इसके प्रस्तावित निरीक्षण से पहले नेता प्रतिपक्ष आतिशी ने भाजपा को खुली चुनौती देकर मामले को फिर सुर्खियों में ला दिया है।
विधानसभा समिति करेगी आवास का निरीक्षण
जानकारी के अनुसार, दिल्ली विधानसभा की एक समिति पूर्व मुख्यमंत्री के आधिकारिक आवास का निरीक्षण करने वाली है। इस प्रस्तावित दौरे को लेकर आतिशी ने सोशल मीडिया मंच ‘एक्स’ पर पोस्ट साझा करते हुए भाजपा पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि भाजपा जिस आवास को लगातार ‘शीशमहल’ बताती रही है, निरीक्षण के दौरान उसे अपने आरोपों के समर्थन में प्रमाण भी दिखाने चाहिए। आतिशी का कहना है कि भाजपा ने चुनाव प्रचार के समय इस सरकारी आवास को लेकर कई बड़े दावे किए थे। अब जब विधानसभा समिति वहां जा रही है, तब उन दावों की सच्चाई भी लोगों के सामने आनी चाहिए।
स्विमिंग पूल और सोने के कमोड दिखाने की चुनौती
आतिशी ने भाजपा को चुनौती देते हुए कहा कि निरीक्षण के दौरान वह कथित स्विमिंग पूल और सोने-चांदी के कमोड दिखाए, जिनका राजनीतिक भाषणों में बार-बार उल्लेख किया गया था। उन्होंने आवास में कथित बार होने के दावे पर भी सवाल उठाया। आतिशी ने कहा कि अब भाजपा के आरोपों की वास्तविकता सामने आने का समय आ गया है। हालांकि, ये सभी बातें आतिशी द्वारा भाजपा के पुराने आरोपों पर की गई राजनीतिक प्रतिक्रिया हैं। निरीक्षण के आधिकारिक निष्कर्ष सामने आने के बाद ही आवास की वास्तविक स्थिति को लेकर स्थिति पूरी तरह स्पष्ट हो सकेगी।
प्रधानमंत्री आवास को लेकर भी उठाए सवाल
अपने बयान में आतिशी ने भाजपा को प्रधानमंत्री आवास मीडिया को दिखाने की चुनौती भी दी। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रधानमंत्री आवास के निर्माण और सुविधाओं पर बड़ी राशि खर्च की गई है। उनके इस बयान के बाद दिल्ली का राजनीतिक माहौल और गरमा गया है। आतिशी ने कहा कि जनता को सरकारी आवासों और उन पर किए गए खर्च की सही जानकारी मिलनी चाहिए। उनके मुताबिक, यदि भाजपा पारदर्शिता की बात करती है तो उसे अपने नेताओं से संबंधित सरकारी आवासों की जानकारी भी सार्वजनिक करनी चाहिए।
दिल्ली की राजनीति में फिर लौटा पुराना मुद्दा
‘शीशमहल’ का मुद्दा दिल्ली विधानसभा चुनाव के दौरान प्रमुख राजनीतिक विवाद बना था। भाजपा ने इस आवास के नवीनीकरण और कथित महंगी सुविधाओं को लेकर आम आदमी पार्टी पर सवाल उठाए थे। वहीं, आप नेताओं ने आरोपों को बढ़ा-चढ़ाकर पेश किए जाने का दावा किया था। अब विधानसभा समिति के दौरे से यह मामला दोबारा चर्चा के केंद्र में आ गया है। निरीक्षण के बाद जारी होने वाली आधिकारिक जानकारी पर सभी की नजरें रहेंगी।