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टाटा स्टील की कैंटीन में खाने की गुणवत्ता पर सवाल, एमडी ने दिए तत्काल सुधार के निर्देश - aksharsamvad.com
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जमशेदपुर : टाटा स्टील की कैंटीन में भोजन की गुणवत्ता और कर्मचारियों को होने वाली असुविधा का मुद्दा कंपनी के मासिक कार्यक्रम ‘एमडी ऑनलाइन’ में उठा। सिंटर प्लांट के कर्मचारी सुबोध पांडेय ने सीईओ सह एमडी टीवी नरेंद्रन के समक्ष कैंटीन की व्यवस्था से जुड़ी समस्याएं रखीं। उन्होंने कहा कि अधिकारी या कमेटी के सदस्य कैंटीन का निरीक्षण करते हैं तो भोजन की गुणवत्ता और मात्रा बेहतर रहती है, लेकिन सामान्य दिनों में स्थिति तय मानकों के अनुरूप नहीं रहती।

सुबोध पांडेय ने बताया कि स्थायी और ठेका कर्मचारियों के लिए अलग-अलग कैंटीन की व्यवस्था समाप्त कर दोनों को एक साथ करने से कैंटीन में भीड़ बढ़ गई है। मूलभूत सुविधाओं में पर्याप्त विस्तार नहीं होने के कारण कर्मचारियों को भोजन के लिए लंबे समय तक इंतजार करना पड़ता है।

निरीक्षण के बाद मेन्यू में बदलाव, फिर गुणवत्ता में गिरावट की शिकायत

उन्होंने बताया कि डीआईसी कमेटी के चेयरमैन के कैंटीन विजिट के दौरान मेन्यू में भी बदलाव किया जाता है, लेकिन बाद में भोजन की गुणवत्ता में गिरावट की शिकायत सामने आती है। वाइस प्रेसिडेंट (ऑपरेशंस) चेतन भानु ने अधिकारियों के दौरे पर मेन्यू बदलने की बात से इनकार किया।

एमडी ने जताई नाराजगी, तत्काल सुधार के निर्देश

कैंटीन व्यवस्था को लेकर सामने आई शिकायत पर एमडी टीवी नरेंद्रन ने नाराजगी जताते हुए तत्काल सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि भविष्य में इस तरह की शिकायत उनके सामने नहीं आनी चाहिए। इसके साथ ही कैंटीन की व्यवस्था और कर्मचारियों को उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं में सुधार सुनिश्चित करने को कहा गया।

कर्मचारियों का कहना है कि कैंटीन में भोजन की गुणवत्ता के साथ-साथ बैठने की क्षमता, भीड़ और प्रतीक्षा समय जैसी समस्याओं का भी स्थायी समाधान जरूरी है।

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