
जमशेदपुर : प्रबंधन शिक्षा के क्षेत्र में पहचान रखने वाला एक्सएलआरआई अब अपनी स्थापना वाले शहर में विस्तार की तैयारी कर रहा है। संस्थान ने जमशेदपुर में दूसरा कैंपस विकसित करने की योजना बनाई है। इस पहल से नए शैक्षणिक कार्यक्रमों और शोध गतिविधियों के लिए अतिरिक्त जगह उपलब्ध हो सकेगी। साथ ही, डीम्ड-टू-बी यूनिवर्सिटी बनने की प्रक्रिया पूरी होने पर संस्थान में डिप्लोमा के स्थान पर सीधे डिग्री देने की व्यवस्था लागू करने की तैयारी है। केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय से संस्थान को डीम्ड-टू-बी यूनिवर्सिटी के लिए आशय पत्र यानी लेटर ऑफ इंटेंट मिल चुका है। यह प्रक्रिया का महत्वपूर्ण चरण है। अंतिम दर्जा मिलने के बाद प्रस्तावित शैक्षणिक बदलाव लागू किए जाएंगे।
मौजूदा परिसर की क्षमता पूरी, नए कैंपस की जरूरत
वर्ष 1949 में स्थापित एक्सएलआरआई का जमशेदपुर स्थित मुख्य परिसर फिलहाल अपनी पूरी क्षमता के साथ संचालित हो रहा है। संस्थान के निदेशक फादर सेबेस्टियन जॉर्ज के अनुसार, वर्तमान परिसर में विस्तार के लिए जगह की सीमाएं हैं। ऐसे में शहर में ही दूसरा आधुनिक कैंपस विकसित करने की योजना तैयार की गई है। मौजूदा व्यवस्था में बिजनेस मैनेजमेंट में 240, मानव संसाधन प्रबंधन में 180 और रिसर्च कार्यक्रम में 40 विद्यार्थियों को प्रवेश दिया जाता है। प्रस्तावित विस्तार भविष्य में नए कार्यक्रमों के संचालन के लिए आधार तैयार करेगा।
पांच नए स्कूल और दस पाठ्यक्रमों की योजना
विश्वविद्यालय का दर्जा मिलने के बाद संस्थान पांच नए स्कूल शुरू करने और कम से कम दस नए विशिष्ट पाठ्यक्रम संचालित करने की योजना पर काम कर रहा है। दूसरे कैंपस की इन गतिविधियों में अहम भूमिका होगी। इस विस्तार का उद्देश्य संस्थान की शैक्षणिक क्षमता बढ़ाना और प्रबंधन शिक्षा के बदलते स्वरूप के अनुरूप नए अध्ययन विकल्प उपलब्ध कराना है। प्रस्तावित स्कूलों और पाठ्यक्रमों के जरिए शिक्षण तथा शोध का दायरा बढ़ाने की तैयारी है।
पीजीडीएम की जगह MBA, फेलो कार्यक्रम की जगह PhD
डीम्ड-टू-बी यूनिवर्सिटी का अंतिम दर्जा मिलने पर विद्यार्थियों को पारंपरिक पीजीडीएम के स्थान पर एमबीए की डिग्री देने की व्यवस्था प्रस्तावित है। इसी तरह फेलो कार्यक्रम की जगह पीएचडी की डिग्री प्रदान की जाएगी। यह बदलाव विद्यार्थियों के वैश्विक करियर और उच्च शिक्षा की जरूरतों को ध्यान में रखकर किया जा रहा है। हालांकि, नई डिग्री व्यवस्था विश्वविद्यालय बनने की प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही लागू होगी।
देशभर में विस्तार के बीच जमशेदपुर की केंद्रीय भूमिका
एक्सएलआरआई दिल्ली-एनसीआर और महाराष्ट्र के कर्जत में भी अपने परिसर स्थापित कर चुका है। इसके अलावा आंध्र प्रदेश की अमरावती में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित कैंपस की योजना पर काम चल रहा है। इन विस्तार योजनाओं के बीच जमशेदपुर संस्थान का प्रमुख आधार बना रहेगा। शहर में दूसरे कैंपस की पहल से प्रबंधन शिक्षा और शोध की गतिविधियों को बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। इससे जमशेदपुर की शैक्षणिक पहचान को भी मजबूती मिल सकती है।