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झारखंड में बढ़ते डिजिटल व्यसन पर सख्ती की मांग, छात्रों के स्क्रीन टाइम सीमित करने की उठी आवाज - aksharsamvad.com
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झारखंड में विद्यार्थियों के बीच तेजी से बढ़ रहे डिजिटल व्यसन को लेकर अब चिंता गहराने लगी है। समाजकल्याण के क्षेत्र में सक्रिय हिंदू जनजागृति समिति के सुराज्य अभियान ने राज्य सरकार से इस दिशा में ठोस और सख्त कदम उठाने की मांग की है।
इस संबंध में जमशेदपुर में सुराज्य अभियान की ओर से मुख्यमंत्री के नाम एक ज्ञापन सौंपा गया। ज्ञापन में कहा गया है कि मोबाइल, इंटरनेट और डिजिटल उपकरणों के अत्यधिक उपयोग से छात्रों के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक प्रभाव पड़ रहा है, जिससे उनकी पढ़ाई और व्यवहार दोनों प्रभावित हो रहे हैं। समिति ने कर्नाटक सरकार के हालिया फैसलों का हवाला देते हुए झारखंड में भी इसी तरह की नीति लागू करने की मांग की है। इसमें छात्रों के लिए स्क्रीन टाइम तय करने, रात के समय इंटरनेट उपयोग पर प्रतिबंध लगाने और 16 वर्ष से कम उम्र के बच्चों के लिए डिजिटल उपकरणों के इस्तेमाल पर स्पष्ट दिशा-निर्देश बनाने की बात कही गई है। इसके साथ ही, ज्ञापन में स्कूल स्तर पर डिजिटल साक्षरता को पाठ्यक्रम में शामिल करने और बच्चों को जिम्मेदार ऑनलाइन व्यवहार सिखाने पर भी जोर दिया गया है, ताकि वे तकनीक का संतुलित और सुरक्षित उपयोग कर सकें।
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