
जमशेदपुर : बहरागोड़ा स्वर्णरेखा तट पर मिले 227 किलो के शक्तिशाली बम को निष्क्रिय (डीफ्यूज) करने के लिए गड्ढे खोदे गये हैं,और एक किलोमीटर का दायरा रहेगा सील।
बहरागोड़ा थाना के पानीपाड़ा स्थित स्वर्णरेखा नदी के किनारे पिछले कई दिनों से लोगो में डर का विषय बना एक संदिग्ध शक्तिशाली बम,जो सेना के नियंत्रण में आ गया। लगभग 227 किलोग्राम वजन इस विशालकाया बम को सुरक्षित तरीके से निष्क्रिय (डीफ्यूज) करने के लिए भारतीय सेना की विशेषज्ञ टीम ने मोर्चा संभाल लिया है। भारतीय सेना के लेफ्टिनेंट कर्नल धर्मेंद्र सिंह और कैप्टन आयुष कुमार सिंह के नेतृत्व में एक उच्चस्तरीय टीम घटना स्थल पर पहुँची । टीम ने बम की स्थिति और आसपास के भूगोल का बारीकी से जायजा लिया। बम की विशालता और उसकी मानक क्षमता को देखते हुए सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए जा रहे हैं। बम को धमाके के साथ निष्क्रिय करने के दौरान होने वाले नुकसान को शून्य करने के लिए सेना द्वारा वैज्ञानिक पद्धति अपनाई जा रही है। वहीं बम के चारों ओर बालू से भरी बोरियों की ऊंची दीवार खड़ी की जा रही है ।बालू के अंदर एक विशेष गड्ढा भी तैयार किया गया है ताकि विस्फोट का दबाव जमीन के अंदर ही अवशोषित हो सके।साथ ही पूरे साइट की सटीक मापी कर सुरक्षा घेरा तैयार किया गया है। ऑपरेशन की संवेदनशीलता को देखते हुए प्रशासन और सेना ने कड़े कदम उठाए हैं। बम डिफ्यूज करने के दौरान घटनास्थल से एक किलोमीटर के दायरे को पूरी तरह से सील कर दिया गया हैं।
रिपोर्ट : बिनोद केसरी,जमशेदपुर 9431906113/6203488947
