
घरेलू शेयर बाजार की शुरुआत भले ही सकारात्मक रही, लेकिन कुछ ही मिनटों में बाजार लाल निशान पर आ गया।
BSE Sensex 377 अंकों की गिरावट के साथ 72,942 के स्तर पर पहुंच गया, जबकि Nifty 50 66 अंक फिसलकर 22,642 पर कारोबार करता दिखा।
बाजार में गिरावट के संकेत पहले ही मिल रहे थे। GIFT Nifty में कमजोरी और ग्लोबल मार्केट्स से मिले नकारात्मक संकेतों ने निवेशकों की धारणा को प्रभावित किया।
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव, कच्चे तेल की कीमतों में उछाल और विदेशी निवेशकों की लगातार बिकवाली ने बाजार का माहौल कमजोर कर दिया है।
Brent Crude 110 डॉलर प्रति बैरल और WTI Crude 112 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर पहुंच गया है, जिससे बाजार पर अतिरिक्त दबाव बना हुआ है।
वहीं एशियाई बाजारों की बात करें तो Nikkei 225 में 1 फीसदी से ज्यादा की तेजी देखी गई, जबकि Shanghai Stock Exchange किंगमिंग फेस्टिवल के कारण बंद रहा। इसके अलावा Hang Seng Index भी ईस्टर अवकाश के चलते बंद है।
इस बीच अमेरिका-ईरान तनाव का असर भी बाजार पर साफ नजर आ रहा है। Donald Trump ने ईरान को चेतावनी दी है, जिससे निवेशकों की चिंता और बढ़ गई है।
कमोडिटी बाजार में भी उतार-चढ़ाव देखने को मिला है। कच्चे तेल की कीमतों में तेजी के बीच सोने और चांदी पर दबाव बना हुआ है।
Gold की कीमत करीब 0.50% गिरकर 4,655 डॉलर प्रति औंस पर आ गई, जबकि Silver में 1 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई है।
कुल मिलाकर, वैश्विक अनिश्चितता और भू-राजनीतिक तनाव के चलते बाजार में फिलहाल दबाव बना हुआ है और निवेशक सतर्क रुख अपनाए हुए हैं।
