जमशेदपुर: जुगसलाई थाना क्षेत्र के शिव घाट रोड स्थित विंध्यवासिनी मंदिर के समीप प्रस्तावित सरकारी शराब दुकान को लेकर स्थानीय लोगों का विरोध तेज हो गया है। सोमवार देर रात बड़ी संख्या में बस्तीवासी सड़क पर उतर आए और प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। प्रदर्शनकारियों ने सड़क पर विरोध प्रदर्शन करते हुए मांग की कि रिहायशी इलाके में शराब दुकान खोलने के निर्णय को तत्काल वापस लिया जाए। स्थानीय लोगों का कहना है कि जिस स्थान पर सरकारी शराब दुकान प्रस्तावित है, वहां घनी आबादी निवास करती है। आसपास बड़ी संख्या में परिवार रहते हैं और बच्चों की आवाजाही भी लगातार बनी रहती है। प्रदर्शन में शामिल लोगों ने बताया कि दुकान से कुछ ही दूरी पर विंध्यवासिनी मंदिर स्थित है। इसके अलावा सेंट जॉन इंग्लिश हाई स्कूल, कई कोचिंग एवं ट्यूशन सेंटर भी संचालित हैं, जहां प्रतिदिन सैकड़ों छात्र-छात्राएं पहुंचते हैं।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि ऐसे संवेदनशील स्थान पर शराब दुकान खुलने से सामाजिक वातावरण प्रभावित होगा। उनका कहना है कि दुकान शुरू होने के बाद शराब पीने वालों और असामाजिक तत्वों का जमावड़ा लग सकता है, जिससे महिलाओं, बच्चों और बुजुर्गों की सुरक्षा पर असर पड़ेगा। लोगों ने यह भी कहा कि पहले से ही शहर में अपराध की घटनाओं को लेकर चिंता बनी हुई है, ऐसे में मंदिर और शैक्षणिक संस्थानों के पास शराब दुकान खोलना उचित नहीं है। स्थानीय निवासी नलिनी सिन्हा ने कहा कि प्रशासन को जनभावनाओं का सम्मान करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि प्रस्तावित दुकान को किसी ऐसे स्थान पर स्थानांतरित किया जाए, जहां रिहायशी आबादी, धार्मिक स्थल और शैक्षणिक संस्थान प्रभावित न हों। प्रदर्शन के दौरान लोगों ने स्पष्ट किया कि यदि प्रशासन ने उनकी मांगों पर शीघ्र सकारात्मक निर्णय नहीं लिया तो आंदोलन को और व्यापक बनाया जाएगा। बस्तीवासियों ने कहा कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपने अधिकारों की लड़ाई जारी रखेंगे और जनहित से जुड़े इस मुद्दे पर पीछे नहीं हटेंगे।


