
जमशेदपुर: जमशेदपुर बंदी के दौरान टेल्को थाना में भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं पर दर्ज प्राथमिकी की निष्पक्ष समीक्षा की मांग को लेकर गुरुवार को भाजपा का एक प्रतिनिधिमंडल पूर्वी सिंहभूम के वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. एहतेशाम वकारिब से मिला। भाजपा जमशेदपुर महानगर अध्यक्ष संजीव सिन्हा के नेतृत्व में प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी को ज्ञापन सौंपते हुए मामले की निष्पक्ष जांच, निराधार धाराओं को हटाने और शहर की कानून-व्यवस्था को मजबूत करने की मांग की। प्रतिनिधिमंडल ने एसएसपी को बताया कि बिष्टुपुर में हुए हिमांशु सिंह हत्याकांड के विरोध में भारतीय जनता पार्टी ने 3 जुलाई को लोकतांत्रिक और शांतिपूर्ण तरीके से जमशेदपुर बंद का आह्वान किया था। इस बंद को व्यापारियों, आम नागरिकों और विभिन्न सामाजिक संगठनों का व्यापक समर्थन मिला था तथा अधिकांश प्रतिष्ठान स्वेच्छा से बंद रहे। भाजपा का आरोप है कि बंद के बाद जमशेदपुर अक्षेस के एक पदाधिकारी की शिकायत पर टेल्को थाना में 18 भाजपा नेताओं एवं अन्य अज्ञात कार्यकर्ताओं के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज की गई, जिसमें लगाए गए कई आरोप तथ्यहीन और निराधार हैं।
ज्ञापन में कहा गया कि प्राथमिकी में जिन घटनाओं का उल्लेख किया गया है, उनका न तो कोई ठोस प्रमाण है और न ही ऐसी घटनाओं का उल्लेख किसी मीडिया रिपोर्ट या प्रशासनिक रिकॉर्ड में मिलता है। ऐसे में पूरे मामले की निष्पक्ष और वस्तुनिष्ठ जांच आवश्यक है ताकि सत्य सामने आ सके। भाजपा महानगर अध्यक्ष संजीव सिन्हा ने कहा कि भाजपा लोकतांत्रिक मूल्यों और संविधान सम्मत शांतिपूर्ण आंदोलनों में विश्वास रखने वाली पार्टी है। उन्होंने आरोप लगाया कि राजनीतिक दुर्भावना के तहत भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं पर झूठे मुकदमे दर्ज कर लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन किया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भाजपा किसी भी प्रकार की हिंसा या अराजकता का समर्थन नहीं करती और केवल निष्पक्ष जांच तथा निर्दोष लोगों को न्याय दिलाने की मांग कर रही है। एसएसपी डॉ. एहतेशाम वकारिब ने प्रतिनिधिमंडल को आश्वस्त किया कि पूरे मामले की निष्पक्ष समीक्षा कर कानून के अनुरूप आवश्यक कार्रवाई की जाएगी। प्रतिनिधि मंडल में पूर्वी की विधायक पूर्णिमा साहू, पूर्व विधायक मेनका सरदार, प्रदेश प्रवक्ता अभय सिंह समेत अन्य शामिल थे।