रांची: राजधानी रांची में गुरुवार को NEET पेपर लीक मामले को लेकर कांग्रेस के विरोध प्रदर्शन के दौरान राजनीतिक तनाव हिंसा में बदल गया। भाजपा कार्यालय के घेराव के लिए निकले कांग्रेस कार्यकर्ताओं और भाजपा समर्थकों के आमने-सामने आने से स्थिति अचानक बिगड़ गई। दोनों पक्षों के बीच तीखी नारेबाजी, धक्का-मुक्की और पथराव की घटनाएं हुईं, जिसके बाद पुलिस को हालात नियंत्रित करने के लिए लाठीचार्ज करना पड़ा। कांग्रेस कार्यकर्ता केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को लेकर भाजपा कार्यालय की ओर मार्च कर रहे थे। प्रदर्शनकारियों का आरोप था कि NEET पेपर लीक मामले में केंद्र सरकार जवाबदेही से बच रही है। पुलिस ने सुरक्षा व्यवस्था के तहत भाजपा कार्यालय के आसपास बैरिकेडिंग की थी, लेकिन प्रदर्शनकारी बैरिकेड हटाकर आगे बढ़ने का प्रयास करने लगे। इस दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच भी धक्का-मुक्की हुई।
इसी बीच भाजपा और कांग्रेस के कार्यकर्ता आमने-सामने आ गए। दोनों ओर से एक-दूसरे के खिलाफ जमकर नारेबाजी की गई। देखते ही देखते माहौल तनावपूर्ण हो गया और टमाटर, अंडे, पानी की बोतलें तथा पत्थर फेंके जाने लगे। कुछ देर के लिए इलाके में अफरा-तफरी का माहौल बन गया और सड़क पर भगदड़ जैसी स्थिति उत्पन्न हो गई। स्थिति लगातार बिगड़ती देख पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए लाठीचार्ज किया। इसके बाद अतिरिक्त पुलिस बल मौके पर पहुंचा और पूरे क्षेत्र को सुरक्षा घेरे में ले लिया गया। घटना के बाद पुलिस ने इलाके में गश्त बढ़ा दी और स्थिति पर लगातार नजर रखी जा रही है। प्रशासन का कहना है कि पूरे घटनाक्रम की जांच की जा रही है। घटनास्थल पर लगे सीसीटीवी कैमरों और अन्य वीडियो फुटेज की मदद से उपद्रव में शामिल लोगों की पहचान की जा रही है। घटना के बाद राज्य की राजनीति गरमा गई है और कांग्रेस तथा भाजपा दोनों ने एक-दूसरे पर हिंसा भड़काने के आरोप लगाए हैं।


