
जमशेदपुर : स्वच्छ ऊर्जा के क्षेत्र में टाटा पावर रिन्यूएबल एनर्जी लिमिटेड (TPREL) ने वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी तिमाही में मजबूत प्रदर्शन दर्ज किया है। कंपनी ने जुलाई से सितंबर 2026 के दौरान 419 मेगावाट की यूटिलिटी-स्केल नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाएं चालू कीं। पिछले वित्त वर्ष की समान तिमाही में यह क्षमता 182 मेगावाट थी। इस तरह कंपनी ने सालाना आधार पर 130 प्रतिशत से अधिक की वृद्धि दर्ज की।
एक तिमाही में 419 MW क्षमता, बैटरी स्टोरेज पर भी जोर
कंपनी के अनुसार, दूसरी तिमाही में 131.2 मेगावाट-घंटा (MWh) की बैटरी स्टोरेज परियोजनाएं भी पूरी की गईं। इनमें 101.2 MWh क्षमता की परियोजनाएं कंपनी की अपनी जरूरतों के लिए और 30 MWh क्षमता की परियोजनाएं तीसरे पक्ष के ग्राहकों के लिए थीं।
अप्रैल से सितंबर 2026 तक की पहली छमाही में कंपनी ने कुल 645 मेगावाट की यूटिलिटी-स्केल परियोजनाएं और 161.2 MWh की स्टोरेज परियोजनाएं पूरी कीं। इनमें 101.2 MWh कंपनी की अपनी परियोजनाएं और 60 MWh तीसरे पक्ष के ग्राहकों के लिए थीं।
हवा से बिजली, सौर ऊर्जा और बैटरी स्टोरेज का विस्तार
पहली छमाही में कंपनी ने कई प्रमुख परियोजनाएं चालू कीं। इनमें 100.8 मेगावाट की जेवाली पवन ऊर्जा परियोजना, कलासर FDRE परियोजना के तहत 227.5 मेगावाट की सौर क्षमता और 101.2 MWh का बैटरी एनर्जी स्टोरेज सिस्टम शामिल है।
इसके अलावा, 100 मेगावाट की कायथार ग्रुप कैप्टिव परियोजना और टाटा स्टील के लिए 72.5 मेगावाट की कैप्टिव परियोजना भी चालू की गई। ये परियोजनाएं औद्योगिक जरूरतों के लिए स्वच्छ ऊर्जा की उपलब्धता बढ़ाने की दिशा में महत्वपूर्ण हैं।
7.2 GW तक पहुंचा परिचालन पोर्टफोलियो
कंपनी के मुताबिक, इन परियोजनाओं के जुड़ने के बाद उसका यूटिलिटी-स्केल परिचालन पोर्टफोलियो 7.2 गीगावाट तक पहुंच गया है। इसमें 5.8 गीगावाट सौर ऊर्जा, 1.3 गीगावाट पवन ऊर्जा और 281.2 MWh की बैटरी स्टोरेज क्षमता शामिल है।
कंपनी का कहना है कि मजबूत आपूर्ति शृंखला, अनुभवी साझेदारों और बेहतर परियोजना प्रबंधन के जरिये वह विभिन्न क्षेत्रों में नवीकरणीय ऊर्जा परियोजनाओं को तेजी से पूरा कर रही है।
दूसरी छमाही में 2 GW से अधिक परियोजनाएं पूरी करने की तैयारी
टाटा पावर रिन्यूएबल एनर्जी को वित्त वर्ष 2026-27 की दूसरी छमाही में 2 गीगावाट से अधिक की परियोजनाएं पूरी करने की उम्मीद है। कंपनी की योजना में 1,075 मेगावाट सौर ऊर्जा, 969 मेगावाट पवन ऊर्जा और 274 MWh की बैटरी स्टोरेज परियोजनाएं शामिल हैं। इसके अतिरिक्त, तीसरे पक्ष के लिए 300 मेगावाट की परियोजनाएं भी पूरी की जानी हैं।
कंपनी के अनुमान के अनुसार, वित्त वर्ष के अंत तक कुल परियोजना निष्पादन लगभग 9.3 गीगावाट तक पहुंच सकता है। इसमें 6,899 मेगावाट सौर ऊर्जा, 2,298 मेगावाट पवन ऊर्जा और 555.2 MWh की बैटरी स्टोरेज क्षमता शामिल होगी।
FY28 में 12 GW क्षमता तक पहुंचने का लक्ष्य
कंपनी ने वित्त वर्ष 2027-28 में लगभग 2.6 गीगावाट की शेष परियोजनाएं पूरी करने की योजना बनाई है। इनमें 570 मेगावाट सौर ऊर्जा, 1,700 मेगावाट पवन ऊर्जा और 350 MWh बैटरी स्टोरेज क्षमता शामिल है। कंपनी का लक्ष्य इसके बाद अपनी कुल परिचालन क्षमता को लगभग 12 गीगावाट तक पहुंचाना है।
टाटा पावर रिन्यूएबल एनर्जी का यह विस्तार देश में स्वच्छ ऊर्जा उत्पादन, औद्योगिक बिजली जरूरतों और ऊर्जा सुरक्षा को मजबूत करने की दिशा में अहम माना जा रहा है।












