
स्वर्णरेखा नदी के घाटों पर सुबह से लेकर शाम तक लोगों की भीड़ देखी जा रही है। बच्चे नदी में छलांग लगाकर मस्ती कर रहे हैं, वहीं युवा और बुजुर्ग भी ठंडे पानी में स्नान कर गर्मी से राहत महसूस कर रहे हैं। भीषण तापमान के बीच नदी का ठंडा पानी लोगों के लिए किसी राहत केंद्र से कम नहीं दिख रहा।
स्थानीय लोगों का कहना है कि शहर के वाटर पार्क और स्विमिंग पूल में जाने के लिए अच्छी-खासी रकम खर्च करनी पड़ती है, जो हर परिवार के लिए संभव नहीं है। खासकर मध्यम वर्गीय और गरीब परिवारों के लिए यह खर्च बजट से बाहर होता है। ऐसे में लोग प्राकृतिक और मुफ्त विकल्प के तौर पर स्वर्णरेखा नदी का रुख कर रहे हैं।

