- रेल यात्री संघर्ष समिति का आंदोलन तेज, 18 को बर्मामाइंस और 19 को मानगो में चलेगा हस्ताक्षर अभियान
जमशेदपुर : जमशेदपुर पश्चिम के विधायक Saryu Roy ने रेलवे की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाते हुए कहा कि रेल यात्री संघर्ष समिति का आंदोलन शांतिपूर्ण जरूर है, लेकिन इसे कमजोरी नहीं समझा जाना चाहिए। जरूरत पड़ने पर आंदोलनकारी रेल ट्रैक पर भी बैठेंगे। वह साकची गोलचक्कर पर आयोजित हस्ताक्षर अभियान में बोल रहे थे।
सरयू राय ने कहा कि यह जनसमर्थित आंदोलन है और इसकी मुख्य मांग केवल ट्रेनों की लेटलतीफी दूर करना है। उन्होंने सवाल उठाया कि आखिर यात्री ट्रेनों को रोककर मालगाड़ियों को पास देने का आदेश किस स्तर से दिया जा रहा है। उन्होंने कहा कि देशभर में रेलवे इंफ्रास्ट्रक्चर का विस्तार हुआ, लेकिन टाटानगर क्षेत्र की लगातार उपेक्षा की जा रही है।
रेल यात्री संघर्ष समिति के संयोजक शिवशंकर सिंह ने कहा कि आंदोलन लगातार व्यापक होता जा रहा है। उन्होंने बताया कि 18 मई को बर्मामाइंस, 19 मई को मानगो तथा 24 मई को घाटशिला में हस्ताक्षर अभियान चलाया जाएगा। उन्होंने कहा कि जरूरत पड़ने पर रेल मंत्री तक आंदोलन की आवाज पहुंचाई जाएगी।
कार्यक्रम में सुबोध श्रीवास्तव, कन्हैया सिंह, सतीश सिंह, अजय कुमार, उषा यादव और कुलविंदर सिंह पन्नू ने भी रेलवे की कार्यशैली पर नाराजगी जताई। वक्ताओं ने आरोप लगाया कि रेलवे यात्री सुविधाओं की अनदेखी कर मालगाड़ियों को प्राथमिकता दे रहा है।
इस दौरान विधायक सरयू राय सहित सुबोध सिंह, पप्पू सिंह, नीरज सिंह, सुनील सिंह, कुंअर अतुल सिंह और राजन राजपूत ने राहगीरों के बीच पर्चे वितरित कर क्यूआर कोड स्कैन कर अपनी राय देने की अपील की। कार्यक्रम के संयोजन में नीरज सिंह और सुनील सिंह की अहम भूमिका रही, जबकि धन्यवाद ज्ञापन विवेक पांडेय ने किया।




