
जिले में आगामी रामनवमी एवं चैती छठ पर्व को लेकर प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आ रहा है। इसी कड़ी में उपायुक्त श्री कर्ण सत्यार्थी की अध्यक्षता में सभी प्रशासनिक विभागों और आवश्यक सेवा प्रदाताओं के साथ एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई, जिसमें पर्व की तैयारियों और विधि-व्यवस्था की विस्तृत समीक्षा की गई।
बैठक के दौरान उपायुक्त ने स्पष्ट रूप से कहा कि जिला प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता पर्व को शांतिपूर्ण और सौहार्दपूर्ण वातावरण में संपन्न कराना है। उन्होंने सभी विभागों को आपसी समन्वय के साथ कार्य करते हुए श्रद्धालुओं को बेहतर सुविधाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए।
सुरक्षा और व्यवस्था पर विशेष फोकस:
संवेदनशील स्थलों की पहचान कर पुलिस बल की तैनाती
जुलूस मार्गों और विसर्जन घाटों का संयुक्त सत्यापन
ड्रोन और सीसीटीवी से निगरानी
फ्लैग मार्च और भीड़ नियंत्रण के लिए विशेष व्यवस्था
पर्व के दिन शराबबंदी और भारी वाहनों की नो-एंट्री
नागरिक सुविधाओं को लेकर निर्देश:
पेयजल, साफ-सफाई और प्रकाश व्यवस्था सुनिश्चित करना
वैकल्पिक बिजली व्यवस्था और बैरिकेडिंग
नियंत्रण कक्ष को सक्रिय कर शिकायत निवारण
स्वास्थ्य सेवाओं के लिए डॉक्टरों और एंबुलेंस की तैनाती
आपातकालीन तैयारियां:
अग्निशमन वाहन, क्रेन और टोचन वाहन की तैनाती
वैकल्पिक मार्गों का निर्धारण
रणनीतिक स्थानों पर मेडिकल टीम की मौजूदगी
अखाड़ा समितियों के साथ समन्वय:
उपायुक्त ने निर्देश दिया कि अखाड़ा समितियों के साथ तालमेल बनाकर भीड़ नियंत्रण के लिए वॉलंटियर्स की तैनाती की जाए और निर्धारित मानकों का पालन सुनिश्चित किया जाए।
बैठक में पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारियों सहित विभिन्न विभागों के पदाधिकारी मौजूद रहे।