रांची: राजधानी रांची के दशमफॉल थाना क्षेत्र में मिले युवती के शव की गुत्थी पुलिस ने महज 10 दिनों में सुलझा ली है। यह मामला शुरू में पूरी तरह ब्लाइंड मर्डर केस था। न तो मृतका की पहचान हो पा रही थी और न ही घटनास्थल से ऐसा कोई ठोस सुराग मिला था, जिससे आरोपी तक पहुंचा जा सके। हालांकि तकनीकी जांच और पुलिस की लगातार पड़ताल ने आखिरकार पूरे मामले का पर्दाफाश कर दिया।
ग्रामीण एसपी गौरव गोस्वामी ने रविवार को प्रेसवार्ता में बताया कि 23 जून 2026 को दशमफॉल थाना क्षेत्र के जंगल से एक अज्ञात युवती का शव बरामद हुआ था। मामले में दशमफॉल थाना कांड संख्या 06/2026 के तहत भारतीय न्याय संहिता (BNS) की संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर विशेष जांच टीम गठित की गई। टीम का नेतृत्व बुंडू डीएसपी कर रहे थे।
जांच के दौरान मृतका की पहचान खूंटी जिले के अड़की थाना क्षेत्र स्थित बरिगड़ा गांव निवासी हिस्सी कुमारी (18) के रूप में हुई। परिजनों से पूछताछ में सामने आया कि युवती कई दिनों से लापता थी। मोबाइल कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस की जांच एक युवक तक पहुंची। हिरासत में लेकर पूछताछ करने पर आरोपी खूंटी निवासी चेतन मुंडा (18) ने अपना जुर्म स्वीकार कर लिया। आरोपी ने पुलिस को बताया कि उसका युवती के साथ प्रेम संबंध था, लेकिन उसे शक था कि युवती किसी दूसरे युवक के संपर्क में है। इसी बात से नाराज होकर वह उसे जंगल ले गया और गला घोंटकर हत्या कर दी। वारदात के बाद शव को जंगल में छोड़ दिया और युवती का मोबाइल अपने पास रख लिया। यही मोबाइल पुलिस के लिए सबसे अहम सुराग साबित हुआ। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से मृतका का मोबाइल फोन बरामद कर लिया है।
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