
नागपुर : राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के विजयादशमी उत्सव में इस बार सरसंघचालक मोहन भागवत का संबोधन आकर्षण का प्रमुख केंद्र रहेगा। मंगलवार, 20 अक्टूबर को नागपुर के रेशिमबाग मैदान में आयोजित कार्यक्रम में वह स्वयंसेवकों को संबोधित करेंगे। देश की मौजूदा परिस्थितियों, सामाजिक विषयों और संघ की आगामी प्राथमिकताओं को लेकर उनके संदेश का इंतजार है। समारोह में दैनिक जागरण के प्रधान संपादक संजय गुप्ता मुख्य अतिथि होंगे। कार्यक्रम की शुरुआत सुबह 7:40 बजे निर्धारित है।
शस्त्र पूजन के साथ शुरू होगा उत्सव
विजयादशमी के पारंपरिक आयोजन की शुरुआत शस्त्र पूजन से होगी। इसके बाद स्वयंसेवकों की ओर से घोष और शारीरिक प्रदर्शन किया जाएगा। निर्धारित क्रम में मुख्य अतिथि का संबोधन होगा और फिर सरसंघचालक अपना उद्बोधन देंगे। इसलिए सुबह 7:40 बजे का समय पूरे कार्यक्रम के आरंभ का है; इसे भागवत के भाषण का निश्चित समय मानना सही नहीं होगा। रेशिमबाग स्थित संघ कार्यालय के मैदान में यह आयोजन होगा।
शताब्दी वर्ष और आगे की दिशा पर चर्चा की संभावना
उपलब्ध जानकारी के अनुसार, भागवत अपने संबोधन में संघ के शताब्दी वर्ष से जुड़े कार्यक्रमों और आगामी एक वर्ष की कार्ययोजना पर विचार रख सकते हैं। संगठन की गतिविधियों, समाज से संवाद और वर्तमान राष्ट्रीय परिस्थितियों के संदर्भ में उनका संदेश महत्वपूर्ण माना जा रहा है। हालांकि, भाषण होने से पहले किसी विशेष विषय पर उनके संभावित रुख को अंतिम बयान के रूप में प्रस्तुत नहीं किया जा सकता।इस अवसर पर यह भी स्पष्ट हो सकता है कि आने वाले समय में संघ किन सामाजिक विषयों और संगठनात्मक कार्यों को प्राथमिकता देगा। संबोधन में सामने आने वाले बिंदुओं से उसकी आगे की गतिविधियों की दिशा समझने में मदद मिलेगी।
राष्ट्रीय और सामाजिक विषयों पर रहेगा ध्यान
विजयादशमी का वार्षिक उद्बोधन संघ के दृष्टिकोण को समझने का एक प्रमुख अवसर होता है। इसमें समसामयिक राष्ट्रीय और सामाजिक प्रश्नों पर सरसंघचालक अपने विचार रखते हैं। इसी वजह से स्वयंसेवकों के साथ सार्वजनिक जीवन से जुड़े लोगों की भी इस कार्यक्रम में रुचि रहती है। इस बार भी ध्यान इस बात पर होगा कि भागवत वर्तमान परिस्थितियों का आकलन किस रूप में करते हैं और समाज के लिए क्या संदेश देते हैं।
ऑनलाइन भी देख सकेंगे पूरा कार्यक्रम
आयोजन स्थल तक नहीं पहुंचने वाले लोगों के लिए कार्यक्रम का सीधा प्रसारण इंटरनेट माध्यमों से किया जाएगा। उपलब्ध विवरण के मुताबिक, संघ का प्रचार विभाग विभिन्न डिजिटल मंचों के जरिए समारोह लोगों तक पहुंचाएगा। इससे देश के अलग-अलग हिस्सों में मौजूद स्वयंसेवक और अन्य दर्शक कार्यक्रम से जुड़ सकेंगे। समारोह के दौरान होने वाले संबोधनों के साथ शस्त्र पूजन, घोष और शारीरिक प्रदर्शन भी आयोजन का हिस्सा रहेंगे। अब सभी की नजर मंगलवार के उस संदेश पर है, जिसमें संघ प्रमुख आगामी समय की प्राथमिकताओं और देश से जुड़े विषयों पर अपनी बात रखेंगे।












