
धनबाद: वर्ष 2011 के बहुचर्चित मटकुरिया गोलीकांड मामले में शुक्रवार को धनबाद की एडीजे-16 अदालत ने अहम फैसला सुनाया। अदालत ने मामले में 30 दोषियों को तीन-तीन वर्ष के कारावास की सजा सुनाई है। सजा पाने वालों में झारखंड के पूर्व मंत्री मन्नान मल्लिक का नाम भी शामिल है। यह मामला 27 अप्रैल 2011 का है, जब मटकुरिया क्षेत्र में बीसीसीएल के क्वार्टरों को अतिक्रमण मुक्त कराने गई पुलिस टीम और आंदोलनकारियों के बीच हिंसक झड़प हो गई थी। उस समय धनबाद के पुलिस अधीक्षक (एसपी) रविकांत धान थे। झड़प के दौरान हुई फायरिंग और हिंसा में चार लोगों की मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य घायल हुए थे।
घटना के बाद तत्कालीन एसडीओ के लिखित आवेदन पर बैंक मोड़ थाना में प्राथमिकी दर्ज की गई थी। लंबे समय तक चली सुनवाई के बाद अदालत ने शुक्रवार को 30 आरोपियों को दोषी मानते हुए तीन-तीन साल की सजा सुनाई। मामले की सुनवाई के दौरान कई प्रमुख आरोपियों का निधन भी हो चुका है। इनमें पूर्व मंत्री बच्चा सिंह, पूर्व मंत्री ओपी लाल और पूर्व डिप्टी मेयर नीरज सिंह शामिल हैं। उनके निधन के कारण उनके खिलाफ चल रही कार्रवाई समाप्त हो गई थी।
