
जमशेदपुर : टाटा स्टील प्रबंधन ने वरिष्ठ अधिकारियों के स्तर पर बड़े बदलाव करते हुए कई अधिकारियों को नई जिम्मेदारियां सौंपी हैं। कंपनी ने आईएल-3 स्तर के दो वरिष्ठ अधिकारियों का स्थानांतरण किया है। इसके साथ ही टाटा स्टील की अनुषंगी कंपनी टीआरएफ लिमिटेड में नई सीएचआरओ की नियुक्ति, जी टाउन क्लब की एग्जीक्यूटिव कमेटी और ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन कमेटी का भी पुनर्गठन किया गया है।
मोहनसीन आजाद कादरभाई को मिली बड़ी जिम्मेदारी
टाटा स्टील के टेक्नोलॉजी एंड न्यू प्रोडक्ट्स (प्लेट प्रोडक्ट्स) के प्रिंसिपल टेक्नोलॉजिस्ट मोहनसीन आजाद कादरभाई को हेड, एंटरप्राइज रिस्क मैनेजमेंट नियुक्त किया गया है। वह जमशेदपुर मुख्यालय से इस नई जिम्मेदारी को संभालेंगे।
उन्हें एक नवंबर से दो वर्षों के लिए यह कार्यभार सौंपा गया है। वह चीफ एंटरप्राइज रिस्क मैनेजमेंट को रिपोर्ट करेंगे।
वहीं, स्टील रीसाइक्लिंग बिजनेस के हेड अरुण कुमार पांडेय का स्थानांतरण इसी पद पर दिल्ली किया गया है। आदेश के बाद वह चीफ, स्टील रीसाइक्लिंग बिजनेस एंड अर्बन माइनिंग को रिपोर्ट करेंगे।
टीआरएफ में नेतृत्व परिवर्तन, शुभ्रा सिंह बनीं सीएचआरओ
टाटा स्टील की अनुषंगी कंपनी टीआरएफ लिमिटेड में भी नेतृत्व स्तर पर बदलाव किया गया है। कंपनी ने शुभ्रा सिंह को नया मुख्य मानव संसाधन अधिकारी (सीएचआरओ) नियुक्त किया है। यह नियुक्ति मंगलवार से प्रभावी हो गई।
शुभ्रा सिंह इससे पहले टाटा स्टील के ट्यूब डिवीजन में हेड-एचआरबीपी के पद पर कार्यरत थीं। उन्हें टाटा समूह के विभिन्न कार्यक्षेत्रों और व्यावसायिक क्षेत्रों में मानव संसाधन प्रबंधन का दो दशक से अधिक का अनुभव है।
वह अभिजीत सिंह का स्थान लेंगी, जिन्हें टाटा स्टील समूह में नई महत्वपूर्ण जिम्मेदारी सौंपी गई है।
जी टाउन क्लब की नई कमेटी, विनीत कुमार शाह चेयरमैन
टाटा स्टील प्रबंधन ने बिष्टुपुर स्थित जी टाउन क्लब एग्जीक्यूटिव कमेटी का भी पुनर्गठन किया है। नई कमेटी में मैन्युफैक्चरिंग चीफ विनीत कुमार शाह को चेयरमैन बनाया गया है।
कमेटी में हेड एचआरएम राजेश कुमार झा, चीफ कॉरपोरेट सर्विसेज वरुण बजाज, चीफ एचआरएम विकास कुमार, मुकेश वर्मा, कुमुद लता सिंह और संजीव कुमार झा को शामिल किया गया है। नई कमेटी तत्काल प्रभाव से काम करेगी।
ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन कमेटी में भी बड़ा बदलाव
टाटा स्टील ने ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन में कमी से संबंधित कमेटी का भी पुनर्गठन किया है। कंपनी के एसवीपी (सेफ्टी, हेल्थ एंड सस्टेनेबिलिटी) राजीव मंगल को कमेटी का चेयरमैन बनाया गया है।
कमेटी में वाइस प्रेसिडेंट और चीफ स्तर के कुल 15 अधिकारियों को शामिल किया गया है। इसका उद्देश्य जलवायु परिवर्तन से निपटने के लिए तैयार रोडमैप को लागू करना, उसमें सुधार के लिए पहल करना और भविष्य की विकास परियोजनाओं के अनुरूप नीतिगत सुझाव देना है।
कार्बन डाइ-ऑक्साइड कम करने वाली परियोजनाओं पर रहेगा फोकस
नई कमेटी कॉरपोरेट सस्टेनेबिलिटी टीम के साथ मिलकर कार्बन डाइ-ऑक्साइड, जल और प्रकृति आधारित समाधानों से जुड़ी परियोजनाओं का तकनीकी मूल्यांकन करेगी। साथ ही परियोजनाओं की अनिवार्यता और संभावित लाभों की समीक्षा भी की जाएगी।
कमेटी सस्टेनेबिलिटी कैपेक्स के तहत बजट मंजूरी के लिए सीओआई और ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन से जुड़ी परियोजनाओं की सिफारिश भी करेगी।
क्रॉस-फंक्शनल टीम का भी पुनर्गठन
इसके अलावा टाटा स्टील प्रबंधन ने क्रॉस-फंक्शनल टीम का भी पुनर्गठन किया है। नई व्यवस्था में पावर सिस्टम एंड एनर्जी विभाग के चीफ रवि कुमार को चेयरमैन बनाया गया है और नौ अधिकारियों को टीम में शामिल किया गया है।
कुल मिलाकर, टाटा स्टील के ताजा संगठनात्मक बदलावों में वरिष्ठ अधिकारियों के स्थानांतरण के साथ रिस्क मैनेजमेंट, मानव संसाधन, क्लब प्रशासन और ग्रीनहाउस गैस उत्सर्जन जैसे महत्वपूर्ण क्षेत्रों पर नई जिम्मेदारियां तय की गई हैं।











