
नई दिल्ली: गर्मी आते ही घरों, दफ्तरों और दुकानों में सबसे ज्यादा याद आने वाले नामों में Voltas भी शामिल है। आज यह नाम एयर कंडीशनर और कूलिंग उत्पादों से जुड़ा है, लेकिन इसकी शुरुआत एक ऐसी साझेदारी से हुई थी, जिसने भारत के एयर-कंडीशनिंग कारोबार की दिशा बदल दी। Voltas की कहानी टाटा समूह और स्विट्जरलैंड की Volkart Brothers के संयुक्त उद्यम से शुरू हुई थी।
1954 में हुई थी Voltas की शुरुआत
Voltas की स्थापना 1954 में Tata Sons और स्विस कंपनी Volkart Brothers के संयुक्त उपक्रम के रूप में हुई थी। उस समय भारत में आधुनिक एयर-कंडीशनिंग तकनीक का बाजार आज की तरह बड़ा नहीं था। कूलिंग सिस्टम मुख्य रूप से चुनिंदा संस्थानों और बड़े प्रतिष्ठानों तक सीमित थे।
नई कंपनी ने इंजीनियरिंग, इलेक्ट्रिकल और एयर-कंडीशनिंग से जुड़े काम पर जोर दिया और धीरे-धीरे भारतीय बाजार में अपनी पहचान बनानी शुरू की।
‘Voltas’ नाम भी है दिलचस्प
कंपनी के नाम को लेकर भी एक दिलचस्प जानकारी सामने आती है। ‘Voltas’ नाम Volkart और Tata Sons के संक्षिप्त रूपों से जुड़ा बताया जाता है। यही नाम आगे चलकर भारतीय एयर-कंडीशनिंग बाजार में एक बड़े ब्रांड की पहचान बन गया।
शुरुआती दौर में कंपनी ने सिर्फ घरेलू AC पर निर्भर रहने के बजाय इंजीनियरिंग और औद्योगिक परियोजनाओं में भी काम किया। यही रणनीति आगे चलकर Voltas के विस्तार की मजबूत नींव बनी।
पहले AC से लेकर घरेलू बाजार तक का सफर
भारत में एयर-कंडीशनिंग को लोकप्रिय बनाने में Voltas की अहम भूमिका रही। कंपनी ने देश में एयर-कंडीशनिंग और कूलिंग तकनीक के विस्तार के साथ-साथ स्थानीय स्तर पर निर्माण और असेंबली की दिशा में भी कदम बढ़ाए।
1950 के दशक में एयर-कंडीशनर आम भारतीय परिवार की पहुंच से काफी दूर थे। ऐसे समय में Voltas ने धीरे-धीरे इस तकनीक को भारतीय बाजार के लिए तैयार किया। समय के साथ AC सिर्फ बड़े कार्यालयों या संस्थानों की जरूरत नहीं रहा, बल्कि मध्यमवर्गीय घरों तक भी पहुंचने लगा।
Volkart Brothers से अलग होकर Tata Group का हिस्सा
समय बीतने के साथ Voltas में स्वामित्व की स्थिति बदली और कंपनी अंततः Tata Group की प्रमुख कंपनियों में शामिल हो गई। आज Voltas भारतीय कंज्यूमर इलेक्ट्रॉनिक्स और एयर-कंडीशनिंग बाजार में जाना-पहचाना नाम है।
यानी जिस कंपनी का जन्म 1954 में एक स्विस कंपनी और टाटा की साझेदारी से हुआ था, वही Voltas आज भारत के कूलिंग बाजार की सबसे पहचानी जाने वाली कंपनियों में से एक है। गर्मी में घरों को राहत देने वाले AC के पीछे छिपी यह कहानी बताती है कि भारत में आधुनिक कूलिंग कारोबार की नींव कितने दशक पहले रखी गई थी।


