
जमशेदपुर : शहर में लगातार बढ़ते यातायात दबाव और सड़क दुर्घटनाओं पर नियंत्रण के लिए जिला प्रशासन ने व्यापक कार्ययोजना तैयार करने की पहल की है। जिला दण्डाधिकारी-सह-उपायुक्त राजीव रंजन ने समाहरणालय में टाटा स्टील के वरिष्ठ अधिकारियों, पुलिस पदाधिकारियों और तकनीकी एजेंसियों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक की। इसमें शहर की सड़कों को अधिक सुरक्षित बनाने और यातायात संचालन सुधारने के उपायों पर विस्तार से चर्चा हुई।
दुर्घटना संभावित स्थानों पर रहेगा विशेष ध्यान
बैठक में उन चौराहों और मार्गों की पहचान करने पर जोर दिया गया, जहां दुर्घटना का खतरा अधिक रहता है। ऐसे स्थानों पर जरूरी संकेतक, पर्याप्त रोशनी, डिवाइडर, स्लाइडर और अन्य सुरक्षा इंतजाम किए जाएंगे। प्रमुख चौराहों पर यातायात का दबाव कम करने के लिए जरूरत के अनुसार ‘लेफ्ट फ्री’ व्यवस्था लागू करने की संभावना पर भी विचार किया गया। उपायुक्त ने कहा कि सड़क सुरक्षा के प्रयास तभी प्रभावी होंगे, जब प्रशासन, पुलिस, टाटा स्टील और संबंधित तकनीकी एजेंसियां आपसी समन्वय के साथ काम करें। इसके लिए व्यावहारिक और परिणाम देने वाली योजना बनाकर उसे तय समय में लागू करने का निर्देश दिया गया।
दुर्गा पूजा से पहले होंगे त्वरित सुधार
सड़क सुरक्षा से जुड़े प्रस्तावों को शॉर्ट टर्म, मिड टर्म और लॉन्ग टर्म योजना में बांटा जाएगा। तत्काल किए जा सकने वाले सुधारों को आगामी दुर्गा पूजा से पहले पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। त्योहार के दौरान बाजारों और मुख्य सड़कों पर वाहनों की संख्या बढ़ने के कारण यातायात प्रबंधन, पार्किंग और सुरक्षा व्यवस्था को प्राथमिकता दी जाएगी। मिड टर्म योजना के तहत अगले दो से तीन महीनों में आवश्यक संरचनात्मक सुधार और यातायात प्रबंधन से संबंधित कार्य चरणबद्ध तरीके से किए जाएंगे।
टाटा स्टील के विशेषज्ञ करेंगे विस्तृत सर्वेक्षण
लंबी अवधि की योजना तैयार करने के लिए टाटा स्टील के तकनीकी विशेषज्ञ जमशेदपुर के शहरी क्षेत्र में सड़क सुरक्षा और यातायात व्यवस्था का विस्तृत सर्वेक्षण करेंगे। सर्वेक्षण में मिले सुझावों और जरूरतों के आधार पर एक रिपोर्ट तैयार कर उपायुक्त कार्यालय को सौंपी जाएगी। इसके बाद प्रशासन, पुलिस, उद्योग और संबंधित विभागों की संयुक्त बैठक में प्रस्तावों की समीक्षा कर आगे की कार्रवाई तय होगी।
पार्किंग और यातायात अनुशासन पर जोर
बैठक में प्रमुख बाजारों तथा भीड़भाड़ वाले इलाकों में व्यवस्थित पार्किंग विकसित करने, अव्यवस्थित वाहनों पर नियंत्रण और ट्रैफिक सिग्नल व्यवस्था बेहतर करने पर भी चर्चा हुई। नागरिकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक करने के लिए व्यापक अभियान चलाने का प्रस्ताव रखा गया। बैठक में वरीय पुलिस अधीक्षक डॉ. ऐहतेशाम वकारीब, उप विकास आयुक्त नागेंद्र पासवान, एसडीएम धालभूम अर्नव मिश्रा, अपर उपायुक्त अनुराग तिवारी, ट्रैफिक डीएसपी और टाटा स्टील के वरिष्ठ अधिकारियों सहित संबंधित एजेंसियों के प्रतिनिधि उपस्थित थे।











