
सरायकेला : कॉलेज जाने के लिए निकले दो पॉलिटेक्निक छात्र मंगलवार सुबह चांडिल गोलचक्कर के पास सड़क हादसे का शिकार हो गए। उनकी बाइक एक ट्रेलर की चपेट में आ गई। दुर्घटना में एक छात्र की घटनास्थल पर ही मौत हो गई, जबकि दूसरा गंभीर रूप से घायल हो गया। घायल छात्र की पहचान समीर दास के रूप में हुई है। उसे उपचार के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। प्रारंभिक जानकारी के अनुसार दोनों छात्र गम्हरिया के रहने वाले बताए जा रहे हैं और चांडिल पॉलिटेक्निक कॉलेज जा रहे थे। मृतक छात्र की पहचान फिलहाल नहीं हो सकी है। पुलिस दुर्घटना की परिस्थितियों की जांच कर रही है।
गोलचक्कर के पास ट्रेलर की चपेट में आई बाइक
बताया जा रहा है कि दोनों छात्र बाइक से गम्हरिया से चांडिल की ओर जा रहे थे। गोलचक्कर के नजदीक उनकी बाइक एक तेज रफ्तार ट्रेलर की चपेट में आ गई। हादसा इतना गंभीर था कि एक छात्र की मौके पर ही जान चली गई। साथ में मौजूद समीर दास को गंभीर चोटें आईं। दुर्घटना ने इस मार्ग पर सुरक्षित आवागमन को लेकर सवाल खड़े कर दिए हैं। हालांकि, टक्कर किन परिस्थितियों में हुई और इसके लिए कौन से कारक जिम्मेदार रहे, यह पुलिस की जांच के बाद ही स्पष्ट होगा।
पुलिस ने ट्रेलर जब्त किया, जांच जारी
दुर्घटना की सूचना मिलने पर चांडिल थाना पुलिस घटनास्थल पर पहुंची। पुलिस ने मृतक छात्र के शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। दुर्घटना में शामिल ट्रेलर को भी जब्त कर लिया गया है। घायल समीर दास का अस्पताल में इलाज चल रहा है। उपलब्ध जानकारी में उसकी स्थिति गंभीर बताई गई है। पुलिस मामले की जांच कर रही है। मृतक की पहचान और दुर्घटना के कारणों से संबंधित आगे की जानकारी अभी सामने आनी बाकी है।
सड़क की बदहाली पर स्थानीय लोगों में नाराजगी
हादसे के बाद स्थानीय लोगों ने चांडिल गोलचक्कर और आसपास की सड़क की स्थिति पर नाराजगी जताई है। उनका आरोप है कि सड़क पर गड्ढे, खराब सतह और अव्यवस्थित यातायात के कारण यहां दुर्घटनाओं का खतरा बना रहता है। लोगों ने भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण यानी एनएचएआई की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए हैं। उनका कहना है कि सड़क की बदहाल स्थिति पर समय रहते ध्यान देना जरूरी है। हालांकि, इस दुर्घटना में सड़क की खराब स्थिति की भूमिका जांच से ही तय होगी।
सड़क सुधार और व्यवस्थित यातायात की मांग
स्थानीय लोगों ने संबंधित विभागों से सड़क की मरम्मत और यातायात व्यवस्था में जल्द सुधार की मांग की है। उनकी मांग है कि गोलचक्कर तथा आसपास के हिस्सों में सुरक्षित आवाजाही सुनिश्चित करने के लिए कदम उठाए जाएं। इस हादसे के बाद सड़क की स्थिति और वाहनों के संचालन, दोनों पर ध्यान देने की जरूरत सामने आई है।












