
जमशेदपुर : मेहरबाई टाटा मेमोरियल अस्पताल (एमटीएमएच) में अब बीमारियों की पहचान के लिए आधुनिक इमेजिंग सुविधाओं का दायरा बढ़ गया है। बुधवार को अस्पताल में जीई हेल्थकेयर के रिवोल्यूशन मैक्सिमा सीटी स्कैनर और उन्नत डिजिटल एक्स-रे सिस्टम का उद्घाटन हुआ। टाटा स्टील के उपाध्यक्ष, कॉरपोरेट सर्विसेज, डी.बी. सुंदरा रामम ने दोनों सुविधाओं का शुभारंभ किया। अस्पताल के अनुसार, इन उपकरणों से जांच की गति, तस्वीरों की स्पष्टता और मरीजों की सुविधा बेहतर करने में मदद मिलेगी।
दिल की धमनियों की जांच में मिलेगी मदद
अस्पताल की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक, नया स्कैनर हृदय संबंधी जांचों में विशेष उपयोगी है। इससे सीटी कैल्शियम स्कोर जांच बिना इंजेक्शन के की जा सकती है। यह जांच हृदय की धमनियों में कैल्शियम जमाव का आकलन करने और भविष्य में हृदय रोग के जोखिम को समझने में डॉक्टरों की सहायता करती है। इसके अलावा सीटी कोरोनरी एंजियोग्राफी की सुविधा भी उपलब्ध होगी। इसमें बांह की नस से कंट्रास्ट डाई देकर हृदय की धमनियों की तस्वीरें ली जाती हैं। इससे धमनियों में संकुचन या रुकावट का मूल्यांकन किया जा सकता है। इस जांच में कैथेटर को हृदय की धमनियों तक पहुंचाने की जरूरत नहीं होती।
तेज स्कैनिंग और स्पष्ट तस्वीरों पर जोर
एमटीएमएच के अनुसार, रिवोल्यूशन मैक्सिमा जमशेदपुर में अपनी तरह का एकमात्र सीटी स्कैनर है। इसमें 500-स्लाइस समकक्ष तकनीक और 32 सेंटीमीटर कवरेज की सुविधा दी गई है। तेज गति से घूमने वाली स्कैनिंग प्रणाली और हलचल का प्रभाव कम करने वाली तकनीक धड़कते हृदय की स्पष्ट तस्वीरें लेने में मदद करती हैं। अस्पताल ने बताया कि इसमें उपलब्ध एएसआईआर-वी तकनीक मरीज और जांच के प्रकार के आधार पर विकिरण की मात्रा में अधिकतम 82 प्रतिशत तक कमी कर सकती है। हालांकि, यह कमी हर मरीज और प्रत्येक जांच में समान नहीं होगी। मशीन का अंतर्निर्मित थ्रीडी कैमरा मरीज को सही स्थिति में रखने में भी सहायता करता है।
स्ट्रोक, कैंसर और आपात मामलों में भी उपयोगी
नया सिस्टम ब्रेन स्ट्रोक, चोट, कैंसर तथा छाती, पेट और रक्तवाहिनियों से जुड़ी बीमारियों के मूल्यांकन में सहयोग करेगा। अस्पताल के मुताबिक, इसकी 0.28 मिलीमीटर रिजॉल्यूशन क्षमता बारीक विवरण देखने में मदद करती है। ड्यूल एनर्जी तकनीक विशेष जांचों तथा शरीर में मौजूद धातु के कारण तस्वीरों में आने वाली बाधाओं को कम करने में सहायक है।
डिजिटल एक्स-रे से बेहतर होगी जांच व्यवस्था
नए डिजिटल एक्स-रे सिस्टम में स्वचालित पोजिशनिंग, ट्रैकिंग, स्टिचिंग और रिमोट कंट्रोल जैसी सुविधाएं हैं। यह फ्लोरोस्कोपी, डिजिटल स्पॉट इमेजिंग, हाई रिजॉल्यूशन एक्स-रे और सिने मोड को सपोर्ट करता है। टक्कर से बचाव की अंतर्निर्मित व्यवस्था संचालन के दौरान सुरक्षा बढ़ाने के लिए दी गई है। इस अवसर पर डी.बी. सुंदरा रामम ने बेहतर मरीज देखभाल के लिए चिकित्सा सुविधाओं को लगातार आधुनिक बनाने पर जोर दिया। अस्पताल ने स्पष्ट किया कि सीटी स्कैन और हृदय संबंधी जांचें योग्य चिकित्सक की सलाह तथा चिकित्सकीय मूल्यांकन के आधार पर ही कराई जानी चाहिए।












