
जमशेदपुर : लोकगीतों की धुन, पारंपरिक नृत्य और रचनात्मक प्रस्तुतियों के बीच सिदगोड़ा टाउन हॉल में शुक्रवार, 30 अक्टूबर को जिला स्तरीय युवा उत्सव–2026-27 का आयोजन हुआ। ‘नशा मुक्ति युवा, विकसित भारत’ थीम पर आयोजित उत्सव में पूर्वी सिंहभूम के विभिन्न क्षेत्रों से 250 से अधिक युवक-युवतियों ने हिस्सा लिया। प्रतिभागियों ने पांच अलग-अलग प्रतियोगिताओं में अपनी प्रतिभा दिखाई। युवा कार्यक्रम एवं खेल मंत्रालय, भारत सरकार के निर्देशानुसार आयोजित इस कार्यक्रम में खेलकूद एवं युवा कार्य निदेशालय, झारखंड, जिला नेहरू युवा केंद्र संगठन, राष्ट्रीय सेवा योजना और जिला प्रशासन की खेल शाखा की संयुक्त भागीदारी रही। आयोजन ने जिले की युवा प्रतिभाओं को एक साझा मंच उपलब्ध कराया।
दीप प्रज्वलन के साथ हुई शुरुआत
अतिथियों ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर उत्सव का शुभारंभ किया। मौके पर जिला खेल पदाधिकारी रूपा रानी तिर्की, मेरा युवा भारत के जिला युवा पदाधिकारी मोंटू पातर और जिला नोडल पदाधिकारी डॉ. कमल कुमार महतो उपस्थित रहे। प्रतियोगिताओं में सामूहिक लोकनृत्य, सामूहिक लोकगीत, कविता लेखन, चित्रकला और नुक्कड़ नाटक शामिल रहे। मंचीय प्रस्तुतियों के साथ लेखन और चित्रकला में भी युवाओं को अपनी रचनात्मक क्षमता प्रदर्शित करने का अवसर मिला।
लोकनृत्य और लोकगीत में टीमों ने मारी बाजी
सामूहिक लोकनृत्य में ट्राइबल रिदम ने प्रथम स्थान हासिल किया। पटमदा डिग्री कॉलेज दूसरे और गोमहर अखाड़ा तीसरे स्थान पर रहे। सामूहिक लोकगीत में करीम सिटी कॉलेज टीम विजेता बनी। कला मंदिर टीम, बिष्टुपुर को द्वितीय तथा पटमटा डिग्री टीम को तृतीय स्थान मिला।कविता लेखन में नित्य झा प्रथम, अनम युसूफ द्वितीय और रोहित शर्मा तृतीय रहे। चित्रकला में डीएवी बिष्टुपुर की वैभवी ने पहला स्थान प्राप्त किया। श्रुति मंडल दूसरे और गौतम महतो तीसरे स्थान पर रहे। नुक्कड़ नाटक प्रतियोगिता में करीम सिटी कॉलेज की टीम सक्षम ने प्रथम स्थान हासिल किया।
विशेषज्ञ निर्णायकों ने किया मूल्यांकन
लोकगीत प्रतियोगिता का मूल्यांकन आकाश देव और डॉ. सनातन दीप ने किया। कविता लेखन में वरुण प्रभात और शैलेंद्र अस्थाना निर्णायक रहे। लोकनृत्य में जमशेदपुर विमेंस यूनिवर्सिटी की सहायक प्राध्यापक डॉ. सुधा सिंह दीप तथा रूपा रानी तिर्की ने निर्णायक की जिम्मेदारी निभाई। चित्रकला का मूल्यांकन नागेश चौधरी और सुबोध कुमार पांडे ने किया। नुक्कड़ नाटक के निर्णायक झारखंड सांस्कृतिक मंच, जमशेदपुर के निर्देशक शिवलाल सागर रहे।
अब प्रमंडल स्तर पर प्रतिभा दिखाएंगे विजेता
जिला स्तर पर प्रथम स्थान पाने वाले प्रतिभागियों को प्रमंडल स्तरीय प्रतियोगिता में हिस्सा लेने का अवसर मिलेगा। वहां के विजेता राज्य स्तर पर जाएंगे और राज्य स्तर पर प्रथम स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागी राष्ट्रीय मंच पर झारखंड का प्रतिनिधित्व करेंगे। समापन पर विजेताओं को पुरस्कार और प्रमाणपत्र दिए गए। एनईपी के निदेशक राजेश कुमार ने चित्रकला के तीनों स्थान प्राप्त प्रतिभागियों को सम्मानित कर उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। आयोजन में मेरा युवा भारत, एनएसएस और जिला प्रशासन की खेल शाखा का महत्वपूर्ण सहयोग रहा।












