
नीलांबर पीतांबरपुर (पलामू) : बच्चों की पढ़ाई में निरंतरता बनाए रखने और विद्यालयों में उनकी नियमित उपस्थिति सुनिश्चित करने के उद्देश्य से शनिवार को अपग्रेडेड हाई स्कूल चौरा में ‘पलामू परवाज’ कार्यक्रम आयोजित किया गया। उपायुक्त के निर्देश पर चल रहे इस अभियान के तहत शिक्षकों, अभिभावकों और जनप्रतिनिधियों से साझा जिम्मेदारी निभाने की अपील की गई। कार्यक्रम में बच्चों की उपस्थिति के साथ विद्यालय की व्यवस्था और पहुंच पथ की समस्या पर भी चर्चा हुई।
अनियमित बच्चों को चिह्नित कर स्कूल से जोड़ने की पहल
कार्यक्रम में बीडीओ जागो महतो ने कहा कि पलामू परवाज का मुख्य उद्देश्य अनियमित रूप से विद्यालय आने वाले बच्चों को शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ना है। शत-प्रतिशत उपस्थिति का लक्ष्य हासिल करने के लिए सभी संबंधित लोगों को मिलकर काम करना होगा। उन्होंने बच्चों की नियमित पढ़ाई सुनिश्चित करने में सामूहिक प्रयास की जरूरत बताई। बीपीओ दीपाली कुमारी ने विद्यालय प्रधानों को निर्देश दिया कि अनुपस्थित और अनियमित बच्चों की सूची तैयार करने में देरी नहीं करें। ऐसे बच्चों को चिह्नित कर उन्हें नियमित रूप से विद्यालय से जोड़ने की दिशा में पहल की जाए। उन्होंने कहा कि विद्यालय से लगातार दूर रहने वाले बच्चों की उपस्थिति सुनिश्चित करने पर विशेष ध्यान दिया जाएगा।
अभिभावकों की भागीदारी से मजबूत होगी पढ़ाई
पंचायत के मुखिया गुड्डू पासवान ने कहा कि बच्चों को रोजाना विद्यालय भेजने में अभिभावकों की भूमिका बेहद अहम है। नियमित उपस्थिति से उनके शैक्षणिक विकास को गति मिलेगी। इसलिए परिवारों को बच्चों की पढ़ाई और स्कूल जाने की आदत पर विशेष ध्यान देना चाहिए। उन्होंने शिक्षा के प्रति जवाबदेही को साझा जिम्मेदारी बताते हुए कहा कि अभिभावक, शिक्षक, विभाग और जनप्रतिनिधि मिलकर प्रयास करेंगे, तभी उपस्थिति में सुधार संभव होगा। कार्यक्रम में इसी समन्वय को मजबूत करने और बच्चों को नियमित पढ़ाई से जोड़ने पर जोर दिया गया।
स्वच्छता, भोजन और विषय चयन पर भी चर्चा
बीडीओ ने विद्यालय परिसर की साफ-सफाई बनाए रखने तथा निर्धारित मेनू के अनुसार मध्याह्न भोजन उपलब्ध कराने पर जोर दिया। उन्होंने बच्चों को उच्च शिक्षा के दौरान अपनी रुचि के अनुसार विषय चुनने की सलाह भी दी, ताकि वे पसंद के क्षेत्र में आगे की पढ़ाई कर सकें।
खराब पहुंच पथ की समस्या उठी
कार्यक्रम के दौरान अभिभावक मदन राम ने विद्यालय तक आने वाली सड़क की खराब स्थिति का मामला उठाया। उनके अनुसार, रास्ता खराब होने के कारण बच्चों को स्कूल पहुंचने में परेशानी होती है और उपस्थिति प्रभावित होती है। उन्होंने बीडीओ से मार्ग दुरुस्त कराने की मांग की।कार्यक्रम का संचालन सीआरपी कामाख्या तिवारी ने किया। मौके पर बीआरपी विनोद राम, रनबहादुर कुमार, बीआरसी कर्मी, प्रधानाध्यापक कंचन शुक्ला, राजकीय मध्य विद्यालय बांसडीह और गेठा के प्रधानाध्यापक सहित ग्रामीण एवं बच्चे उपस्थित थे।












