
- घरेलू विवाद की शिकायत लेकर पहुंची थी महिला, रात में थाने में ही रुकने के दौरान हुई वारदात।
- आरोपी सिपाही गिरफ्तार, एसडीपीओ के नेतृत्व में एसआईटी गठित, घटनास्थल का कमरा सील।
सरायकेला-खरसावां : जिस पुलिस थाने में एक महिला अपनी सुरक्षा और न्याय की गुहार लेकर पहुंची थी, उसी थाने में उसके साथ दुष्कर्म किए जाने का गंभीर मामला सामने आया है। घटना के बाद पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। मामले में त्वरित कार्रवाई करते हुए आरोपी सिपाही को गिरफ्तार कर लिया गया है, जबकि थाना प्रभारी समेत चार पुलिसकर्मियों को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
घटना सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया थाना परिसर की है। पीड़िता तुधा गांव की रहने वाली बताई गई है। जानकारी के अनुसार, महिला गुरुवार देर रात पति से प्रताड़ित किए जाने और पारिवारिक विवाद की शिकायत लेकर थाने पहुंची थी। देर रात होने और पति से खतरे की आशंका को देखते हुए पुलिसकर्मियों ने उसे सुरक्षा के लिहाज से थाने में ही रुकने की सलाह दी थी।
थाने में ही हुई शर्मनाक वारदात
आरोप है कि रात में ड्यूटी पर तैनात सिपाही नीरज लकड़ा महिला को थाना परिसर स्थित एक कमरे में ले गया। इसी दौरान उसके साथ दुष्कर्म की घटना को अंजाम दिया गया। जिस स्थान पर महिला को सुरक्षा मिलनी चाहिए थी, वहीं उसके साथ हुई इस कथित वारदात ने पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
आरोपी सिपाही गिरफ्तार, चार पुलिसकर्मी निलंबित
मामले की जानकारी मिलते ही पुलिस अधीक्षक मनोज स्वर्गीयारी ने त्वरित कार्रवाई के निर्देश दिए। आरोपी सिपाही नीरज लकड़ा को गिरफ्तार कर लिया गया। वहीं, ड्यूटी में गंभीर लापरवाही और शिथिलता बरतने के आरोप में गम्हरिया थाना प्रभारी संजय प्रसाद, सब इंस्पेक्टर मनोज साहू, अनिरुद्ध सिंह और आरक्षी संतोष राय को तत्काल प्रभाव से निलंबित कर दिया गया है।
एसआईटी गठित, घटनास्थल का कमरा सील
मामले की गंभीरता को देखते हुए सरायकेला एसडीपीओ अनुभव भारद्वाज के नेतृत्व में विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। एसडीपीओ पुलिस बल के साथ थाना पहुंचे और घटनास्थल का बारीकी से निरीक्षण किया। साक्ष्यों से छेड़छाड़ की आशंका को रोकने के लिए संबंधित कमरे को सील कर दिया गया है।
पीड़िता के लिखित आवेदन के आधार पर संबंधित धाराओं में प्राथमिकी दर्ज कर आरोपी को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस मामले की वैज्ञानिक और तकनीकी तरीके से जांच कर रही है। जांच का उद्देश्य घटना से जुड़े सभी तथ्यों और संभावित लापरवाही की कड़ियों को सामने लाना है।
थाने के भीतर महिला की सुरक्षा से जुड़ा यह मामला पुलिस प्रशासन के लिए बड़ी चुनौती बन गया है। अब जांच के दायरे में केवल आरोपी सिपाही ही नहीं, बल्कि उस रात की ड्यूटी व्यवस्था और थाने में मौजूद पुलिसकर्मियों की भूमिका भी है।












