
सेलम : तमिलनाडु के सेलम में पुलिस ने खुद को तांत्रिक बताने वाले एक व्यक्ति को गिरफ्तार किया है। उस पर पूजा-पाठ के बहाने महिलाओं और नाबालिग लड़कियों के साथ यौन शोषण करने और उनकी आपत्तिजनक रिकॉर्डिंग बेचने के गंभीर आरोप हैं। पुलिस ने मामला दर्ज कर डिजिटल उपकरण जब्त किए हैं। आरोपों की पूरी जांच और न्यायिक प्रक्रिया अभी बाकी है।
शिकायत के बाद सामने आया मामला
आरोपी विजयराजा सेलम के वाझापाड़ी क्षेत्र में तंत्र-मंत्र के नाम पर लोगों से मिलता था। मामले ने तब गंभीर मोड़ लिया, जब एक नाबालिग लड़की ने अपने परिवार को आरोपी के कथित गलत व्यवहार की जानकारी दी। परिवार और स्थानीय लोगों की शिकायत के बाद मामला पुलिस तक पहुंचा और आरोपी को हिरासत में लिया गया। पुलिस का कहना है कि वह महिलाओं का विश्वास जीतने के लिए धार्मिक अनुष्ठानों का सहारा लेता था। जांचकर्ताओं को आशंका है कि इस तरीके से एक से अधिक लोगों को निशाना बनाया गया हो सकता है। अभी संभावित पीड़ितों की संख्या और प्रत्येक आरोप की पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी।
जब्त उपकरणों की जांच अहम
पुलिस ने आरोपी के पास से फोन और दूसरे डिजिटल उपकरण जब्त किए हैं। उपलब्ध रिपोर्टों के मुताबिक, जांच में कई आपत्तिजनक रिकॉर्डिंग मिलने का दावा किया गया है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि रिकॉर्डिंग कहां साझा की गईं, क्या इनके बदले पैसे लिए गए और इस काम में कोई अन्य व्यक्ति भी शामिल था या नहीं।डिजिटल सामग्री से जुड़े दावों को स्पष्ट करने के लिए उपकरणों की जांच महत्वपूर्ण होगी। इसी आधार पर पुलिस घटनाओं का क्रम और आरोपों का दायरा समझ सकेगी। जांच पूरी होने से पहले किसी संभावित पीड़ित की पहचान सार्वजनिक करना उचित नहीं है।
डर और भरोसे का कथित दुरुपयोग
आरोपी ने पूछताछ में खुद को तांत्रिक बताने के पीछे रोजगार छूटने की बात कही है। हालांकि, इससे उस पर लगे आरोपों की गंभीरता कम नहीं होती। पुलिस अब यह भी जांच रही है कि धार्मिक विश्वास और डर का इस्तेमाल करके लोगों को किस तरह प्रभावित किया गया। यह मामला उन आरोपों की ओर ध्यान खींचता है, जिनमें मदद का भरोसा दिलाने वाला व्यक्ति ही विश्वास का कथित दुरुपयोग करता है। फिलहाल पुलिस की जांच जारी है। उसके निष्कर्ष और अदालत की कार्यवाही से ही आरोपी की जिम्मेदारी तय











